गाजा और वेस्ट बैंक में जारी संघर्ष के बीच इज़राइल की व्यापारिक नीतियों को लेकर नए आरोप सामने आए हैं। अंतरराष्ट्रीय मीडिया संस्थानों और इज़राइली समाचार पत्रों में प्रकाशित रिपोर्टों में दावा किया गया है कि इज़राइल ने गाजा और वेस्ट बैंक के व्यापार पर व्यापक नियंत्रण स्थापित कर लिया है, जिससे इज़राइली कंपनियों और चुनिंदा व्यापारियों को आर्थिक लाभ हो रहा है। हालांकि, इज़राइली सरकार का कहना है कि ये व्यवस्थाएं सुरक्षा कारणों और हमास को आर्थिक लाभ से रोकने के उद्देश्य से लागू की गई हैं।
अल जज़ीरा की एक जांच रिपोर्ट के अनुसार, गाजा में अंतरराष्ट्रीय मानवीय सहायता की तुलना में इज़राइल से आने वाले व्यावसायिक सामानों को प्राथमिकता दी जा रही है। रिपोर्ट में दावा किया गया है कि इससे स्थानीय बाजारों में इज़राइली उत्पादों की हिस्सेदारी बढ़ी है।
इसी बीच, इज़राइल की प्रमुख कृषि निर्यातक कंपनी मेहाद्रिन (Mehadrin) के बारे में रिपोर्टों में कहा गया है कि उसने वर्ष 2026 की पहली तिमाही में गाजा को लगभग 2 करोड़ अमेरिकी डॉलर (20 मिलियन डॉलर) के कृषि उत्पाद बेचे। वहीं, विभिन्न मीडिया रिपोर्टों में यह भी दावा किया गया है कि वेस्ट बैंक में इज़राइली कंपनियां प्रतिवर्ष लगभग 6 अरब डॉलर का कारोबार करती हैं।
इज़राइली समाचार पत्र हारेत्ज़ (Haaretz) के अनुसार, वर्ष 2025 के अंत में इज़राइल के कर प्राधिकरण ने गाजा को बिक्री की अनुमति केवल बड़े आपूर्तिकर्ताओं और वितरकों तक सीमित कर दी। रिपोर्ट में दावा किया गया है कि इसके बाद व्यापार का बड़ा हिस्सा लगभग 10 प्रमुख इज़राइली वितरकों के हाथों में केंद्रित हो गया।
रिपोर्टों में यह भी आरोप लगाया गया है कि गाजा स्थित फ़िलिस्तीनी कंपनियों को व्यापार के लिए आवश्यक सुरक्षा स्वीकृति (सिक्योरिटी क्लियरेंस) नहीं दी जाती, जबकि वेस्ट बैंक के फ़िलिस्तीनी उत्पादकों को गाजा में अपने उत्पाद बेचने की अनुमति नहीं है। इसके अलावा, इज़राइली चेकपॉइंट, आवाजाही पर प्रतिबंध और अतिरिक्त लागत फ़िलिस्तीनी व्यापारियों के लिए बड़ी बाधा बने हुए हैं, जबकि इज़राइली कंपनियों को कर रियायतों सहित कई आर्थिक सुविधाएं मिलने का दावा किया गया है।
हारेत्ज़ और द जेरूसलम पोस्ट की रिपोर्टों में यह भी कहा गया है कि गाजा में लगभग 13 व्यापारियों को ट्रकों के प्रवेश समन्वय (इम्पोर्ट कोऑर्डिनेशन) का विशेष अधिकार दिया गया है। आरोप है कि ये व्यापारी ट्रक प्रवेश परमिट अत्यधिक कीमतों पर बेचते हैं, जिनकी राशि प्रति ट्रक 65,000 से 130,000 अमेरिकी डॉलर तक पहुंच सकती है। कुछ रिपोर्टों में अनुमान लगाया गया है कि केवल आयात समन्वय के अधिकार के कारण प्रत्येक व्यापारी प्रतिदिन लगभग 3.3 लाख डॉलर तक की आय अर्जित कर सकता है।
इन रिपोर्टों में यह सवाल भी उठाया गया है कि जिन सुरक्षा एजेंसियों और सैन्य अधिकारियों द्वारा इन व्यापारियों का चयन किया जाता है, क्या इस व्यवस्था से जुड़े अन्य हित भी मौजूद हैं। हालांकि, इन आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है और इज़राइली अधिकारियों ने ऐसे आरोपों को स्वीकार नहीं किया है।
वहीं, द गार्डियन की एक रिपोर्ट में दावा किया गया कि कुछ निजी व्यापारियों को ऐसे "डुअल-यूज़" सामान गाजा ले जाने की अनुमति दी गई, जिन्हें मानवीय सहायता संगठनों के लिए प्रतिबंधित रखा गया था। मानवाधिकार कार्यकर्ताओं का कहना है कि इससे राहत कार्य प्रभावित हुए और विशेष अनुमति प्राप्त व्यापारियों के लिए लाभदायक अवसर पैदा हुए।
इज़राइली मानवाधिकार संगठन गिशा (Gisha) की कार्यकारी निदेशक तानिया हैरी के अनुसार, मौजूदा नीति का उद्देश्य कब्जे वाले क्षेत्रों में विभिन्न समूहों के प्रभाव को नियंत्रित करना और सत्ता संतुलन को इज़राइल के पक्ष में बनाए रखना हो सकता है। हालांकि, इज़राइल लगातार यह कहता रहा है कि उसकी नीतियों का मुख्य उद्देश्य सुरक्षा सुनिश्चित करना और हमास तक संसाधनों की पहुंच रोकना है।
इन आरोपों और प्रत्यारोपों के बीच गाजा में मानवीय स्थिति, व्यापारिक नियंत्रण और आर्थिक प्रभाव को लेकर अंतरराष्ट्रीय स्तर पर बहस लगातार तेज होती जा रही है।










